कक्षा आठ या नौ में इतिहास की किताब में कांग्रेस के गठन के बारे में बताया था कि श्री एलन ऑक्तावियन ह्यूम ने 1885 में कांग्रेस का गठन किया।
नरेन्द्र मोदी ने कांग्रेस को 125 साल की बुढि़या क्या बोला, कांग्रेसी हत्थे से उखड़ गए। अब जिसकी पैदाइश के बारे में इतिहास की किताबों में पढ़ाया जाए, मेरी समझ से तो वो बुज़ुर्गों की श्रेण्ाी में ही आएगी। खैर छोडि़ये, चुनावों का मौसम है, इसमें तो यह सब चलता ही रहेगा। वैसे भी होली और चुनावी मौसम में सारे झूठ, सच।
अब वो जिसके कारण यह पोस्ट लिखी गई ---
भारत को आज़ादी दिलाने में किसी पार्टी का योगदान है तो वो केवल कांग्रेस। कांग्रेस ही वह पार्टी है जिसने भारत को आज़ाद कराया। गांधी, नेहरु, पटेल सब कांग्रेस के ही थे।आज़ादी की लड़ाई के सारे बड़े नेताओं ने कांग्रेस के झण्डे के नीचे की भारत से अंग्रेज़ो को बाहर खेदेड़ा।
1947 ही नहीं बल्कि आज़ादी की पहली जंग भी कांग्रेस के नेत़त्व में ही लड़ी गई। झांसी की रानी लक्ष्मी बाई, तात्या टोपे ने भी और आखिरी मुगल ज़फ़र .......... उसके बाद सब सन्नाटा हो गया।
यह सब मैं नहीं कह रहा। यह तो कुछ दिन पहले घर के सामने हो रही कांग्रेस की चुनावी सभा में कोई श्री कांग्रेसी ही बोल रहे थे। मैं तो केवल सुन ही पाया। दर्शनलाभ भी नहीं मिला। जबतक दर्शनलाभ करने जाता तबतक लोगों ने वक्ता को माइक से दूर खींच लिया था या बिजली बंद कर दी थी पता नहीं पर जाते-जाते वो श्री कांग्रेसी ऐसा ज्ञान दे गए जो पूरे स्कूली जीवन की इतिहास की किताबों में न मिला।
जय कांग्रेस, जय भारत के नेता और जय लोकतंत्र
ऐसे में श्री शरद जोशी का वो व्यंग्य लेख याद आता है जिसमें उन्होने घोषणा की थी कि भारत में जो कुछ है वाे एक दिन कांग्रेस हो जाएगा। मेरे पास शायद उसकी टेप है जन्ल्द ही पोस्ट करता हूँ।